नई दिल्ली। भारत के Space-Tech सेक्टर के लिए 1 अक्टूबर 2026 अहम दिन है। हैदराबाद की Space-Tech स्टार्टअप TakeMe2Space का MOI-1A orbital computing satellite आज SpaceX के Falcon 9 रॉकेट से लॉन्च होने वाला है। यह Transporter-18 rideshare मिशन का हिस्सा है और कंपनी इसे भारत का पहला orbital computing satellite बता रही है। SpaceX के अनुसार Transporter-18 का लॉन्च विंडो 1 अक्टूबर को 11:18 AM PDT से शुरू होगा, जो भारतीय समयानुसार रात करीब 11:48 बजे है। जरूरत पड़ने पर 2 अक्टूबर को backup launch opportunity भी उपलब्ध है। SpaceX अंतरिक्ष में ही होगा डेटा का विश्लेषण अब तक सामान्य तौर पर Earth-observation satellite बड़ी मात्रा में तस्वीरें और दूसरे डेटा को पृथ्वी पर मौजूद ground stations तक भेजते हैं, जहां उनकी processing होती है। MOI-1A इस प्रक्रिया के एक हिस्से को सीधे orbit में ले जाने की कोशिश करेगा। सैटेलाइट में NVIDIA Orin NX आधारित edge-computing hardware लगाया गया है। इसका उद्देश्य satellite से मिलने वाले डेटा पर AI models को सीधे अंतरिक्ष में चलाना है। इसके बाद पूरी raw dataset को Earth पर भेजने के बजाय analysis से निकली उपयोगी जानकारी ही downlink की जा सकेगी। Reuters कैसे काम करेगा MOI-1A? मान लीजिए सैटेलाइट किसी इलाके की हजारों तस्वीरें लेता है। पारंपरिक तरीके में इन तस्वीरों को पृथ्वी पर भेजने के बाद AI system यह पता लगाता है कि इनमें खेतों की स्थिति क्या है, जहाज कहां मौजूद हैं या किसी क्षेत्र में बदलाव हुआ है। MOI-1A का लक्ष्य इसी processing को orbit में करना है। ग्राहक अपने AI models को satellite पर चलाकर किसी निर्धारित क्षेत्र के डेटा का विश्लेषण कर सकेंगे और Earth पर मुख्य रूप से analysis या insights भेजे जाएंगे। इससे communication bandwidth और data-transmission की जरूरत कम की जा सकती है। Reuters 117 TOPS तक computing क्षमता सितंबर में जारी जानकारी के अनुसार MOI-1A में इस्तेमाल होने वाला NVIDIA Orin NX hardware करीब 117 trillion operations per second यानी 117 TOPS तक की computing क्षमता उपलब्ध करा सकता है। भारतीय अंतरिक्ष क्षेत्र से जुड़ी IN-SPACe सामग्री के अनुसार मिशन में 9 मीटर Ground Sample Distance वाला multispectral imager भी शामिल है।









